शिक्षा, संस्कृति और स्वास्थ्य का संगम: चंदोला कॉलेज का वार्षिकोत्सव बनेगा प्रेरणा का उत्सव

4– दिसंबर 2025: चंदोला कॉलेज में शिक्षा, स्वास्थ्य और संस्कृति का महायज्ञ आज से शुरू उत्तराखंड जैसे पर्वतीय और सांस्कृतिक रूप से समृद्ध राज्य में जब शिक्षा, चिकित्सा और संस्कृति […]

मेडिकल कॉलेज में जयंती, मंच पर खनन की उपलब्धि: मुख्यमंत्री का विकास-भाषण”

रुद्रपुर मेडिकल कॉलेज में पंडित राम सुमेर शुक्ला की 47वीं जयंती पर आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का भाषण विकास के दावों और राजनीतिक उपलब्धियों का मिश्रण रहा। […]

रुद्रपुर की अनाज मंडी में उतरे “सुपरमैन” ठुकराल: जब जनहित के लिए सड़कों पर उतरा जननायक

रामपुर रोड की नवनिर्मित अनाज मंडी आज भले ही घास–फूस, जंग लगे शटरों और नशेड़ियों के अड्डे के रूप में बदहाली की तस्वीर पेश कर रही हो, लेकिन गुरुवार को […]

भारतीय टीम को साउथ अफ्रीका के खिलाफ वनडे सीरीज के दूसरे मुकाबले में करारी हार मिली। रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में पहले खेलते हुए केएल राहुल की कप्तानी वाली टीम ने बोर्ड पर 358 रन टांगे।

इसके बाद भी साउथ अफ्रीका ने मैच अपने नाम कर लिया। ओस की वजह से गेंदबाजों के लिए कुछ खास मदद नहीं थी। साउथ अफ्रीका ने आखिरी ओवर में 4 […]

बनभूलपुरा: 29 एकड़ जमीन, 500 परिवार और 17 साल की न्यायिक अनिश्चितता — अब 10 दिसंबर को होगा फैसला

हल्द्वानी।बनभूलपुरा आज एक बार फिर इतिहास के सबसे तनावपूर्ण मोड़ पर खड़ा है। रेलवे की 29 एकड़ जमीन पर बसे 500 से अधिक परिवारों का भविष्य अब 10 दिसंबर को […]

रूद्रपुर में मुख्यमंत्री धामी का 4 दिसंबर को आगमन, पं. रामसुमेर शुक्ल की पुण्यतिथि पर कार्यक्रम में होंगे शामिल

रूद्रपुर/खटीमा। उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी 4 दिसम्बर 2025 (गुरुवार) को ऊधमसिंहनगर जनपद के भ्रमण पर रहेंगे। मुख्यमंत्री का यह दौरा वी.वी.आई.पी. श्रेणी का एवं अतिगोपनीय रखा गया […]

जागर: देवभूमि की जीवित आत्मा पर एक आध्यात्मिक दृष्टि (संपादकीय)संस्कृति खबर | देवभूमि की जीवंत आत्मा है जागर परंपरा

उत्तराखंड की जागर परंपरा केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि लोकआस्था, आध्यात्म और जन–जीवन का जीवंत संगम है, जिसमें देवताओं को “जगाकर” मनुष्य अपने दुख, भय और समस्याओं का समाधान […]

देवव्रत महेश रेखे: वैदिक साधना से रचा गया 200 वर्षों बाद का इतिहास, काशी बनी साक्षी!क्या है दंडक्रम पारायण? – वैदिक साधना का सर्वोच्च शिखर

देवव्रत महेश रेखे: वैदिक साधना से रचा गया 200 वर्षों बाद का इतिहास, काशी बनी साक्षी काशी। भारत की सनातन परंपरा, हजारों वर्षों की वैदिक साधना और मंत्र-संस्कृति की जीवंत […]

उत्तराखंड कीलोक-सांस्कृतिक पहचान उसके पारंपरिक नृत्यों में गहराई से समाई हुई है। कुमाऊँ और गढ़वाल दोनों ही क्षेत्रों में नृत्य जीवन के आनंद, संघर्ष, वीरता और अध्यात्म के अभिव्यक्ति माध्यम हैं। झोड़ा, चांचरी, झुमैलो और चौंफुला जैसे सामूहिक नृत्य सामाजिक एकता और उल्लास को दर्शाते हैं, जबकि छोलिया और रणभूत जैसे नृत्य शौर्य, युद्धकला और वीरगति का सम्मान प्रस्तुत करते हैं। पांडव नृत्य महाभारत की कथाओं पर आधारित एक अनूठी लोक-नाट्य परंपरा है, जिसमें पौराणिक पात्रों की ऊर्जा कलाकारों में समाहित होने की लोकमान्यता भी जुड़ी है। वहीं थड़िया, मंडाण, सरौं, हारुल, भगनोल और मुखोटा नृत्य अलग-अलग अवसरों, ऋतुओं और देव-उत्सवों से संबंध रखते हैं। इन सभी नृत्यों में प्रकृति के प्रति प्रेम, सामाजिक सामूहिकता, अध्यात्म और लोक-स्मृतियों के संरक्षण का भाव प्रमुख रूप से दिखाई देता है। उत्तराखंड के लोक नृत्य केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि पीढ़ियों की सांस्कृतिक विरासत, आस्था और पहचान के जीवंत प्रतीक हैं।

उत्तराखंड के लोकनृत्य — परंपरा, आध्यात्म, सामाजिकता और सामुदायिक चेतना की अनंत यात्रा ✍️ अवतार सिंह बिष्ट | हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स, रुद्रपुर ( उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलनकारी उत्तराखंड की आत्मा […]

2026 का साल आपके जीवन में कई बदलाव लेकर आ सकता है। हर वर्ष की तरह, ग्रहों और नक्षत्रों की स्थिति का सीधा प्रभाव आपकी राशि पर पड़ता है। क्या आप जानना चाहते हैं कि इस साल आपकी राशि के अनुसार आपकी किस्मत कैसी रहेगी?

क्या 2026 में आपको आर्थिक सफलता मिलेगी? क्या आपके प्रेम संबंध मजबूत होंगे? क्या स्वास्थ्य में कोई परेशानी हो सकती है? इन सवालों का जवाब आपको इस वार्षिक भविष्यफल में […]