

बार एंड बेंच की एक रिपोर्ट के मुताबिक गौतम ने उनके खिलाफ डाले गए मानहानिकारक कंटेंट को हटाने और 2 करोड़ रुपये हर्जाने की मांग की है। मामले को मंगलवार को अदालत में सुनवाई के लिए सूचीबद्ध किया जा सकता है।

उत्तराखंड में सितंबर 2022 में एक होटल में 19 साल की रिसेप्शनिस्ट अंकिता भंडारी की हत्या कर दी गई थी। बीजेपी के पूर्व नेता के बेटे पुलकित आर्य पर को अंकिता की हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। आरोप था कि अंकिता पर पुलकित ने गेस्ट के साथ संबंध बनाने का दबाव डाला था। बाद में अदालत ने इस मामले में पुलकित आर्य और दो अन्य को उम्रकैद की सजा सुनाई।
दुष्यंत गौतम की क्या दलीलें
याचिका में गौतम ने कहा है कि उनके खिलाफ अपमानजनक वीडियो और पोस्ट 24 दिसंबर 2024 को सर्कुलेट किए गए और जल्द ही वायरल हो गए। याचिका के अनुसार, यह सामग्री जानबूझकर गढ़ी गई और प्रसारित की गई ताकि एक झूठा नैरेटिव बनाया जा सके और उन्हें एक ऐसे आपराधिक मामले से जोड़ा जाए। दुष्यंत कुमार ने कहा कि उन्हें ना तो आरोपी बनाया गया है और न ही किसी जांच एजेंसी ने उन्हें संलिप्त बताया है। याचिका में कहा गया है कि यह अभियान ‘फेक न्यूज़’ के दायरे में आता है, जिसका उद्देश्य राजनीतिक लाभ हासिल करना और उनकी सार्वजनिक छवि को अपूरणीय नुकसान पहुंचाना है। याचिका के मुताबिक उत्तराखंड पुलिस ने अंकिता भंडारी हत्याकांड में भ्रामक जानकारियां फैलाने की वजह से उर्मिला सनावर और सुरेश राठौर के खिलाफ कई एफआईआर दर्ज किए हैं। भाजपा नेता के अनुसार, व्यापक जांच के बावजूद ऐसा कोई भी सामग्री या सबूत सामने नहीं आया है जो उन्हें इस घटना से जोड़ता हो। दुष्यंत की तरफ से वरिष्ठ वकील गौरव भाटिया अदालत में पेश होंगे।
उर्मिला सनावर के दावे और एक ऑडियो क्लिप से उछला नाम
हाल ही में यह मामला तब सुर्खियों में आ गया जब भाजपा के पूर्व विधायक सुरेश राठौर की कथित पत्नी उर्मिला सनावर ने एक वीडियो में आरोप लगाया कि अंकिता भंडारी पर जिस वीआईपी से संबंध बनाने का दबाव डाला गया था वह भाजपा के एक वरिष्ठ नेता थे। सनावर ने एक ऑडियो क्लिप रिलीज की जिसमें राठौर को कथित तौर पर वीआईपी की पहचान भाजपा के महासचिव दुष्यंत कुमार गौतम और एक अन्य के रूप में करते हुए बताया गया। राठौर ने बाद में दावा किया कि ऑडियो क्लिप एआई से तैयार किया गया था और सनावर पार्टी को बदनाम करना चाहती है। दुष्यंत कुमार गौतम ने भी आरोपों को खारिज किया। इस बीच कांग्रेस, आप समेत कई विपक्षी दलों के नेताओं ने दुष्यंत कुमार गौतम का नाम लेते हुए उन पर तीखे हमले किए।




