

इस सूची में निर्मल बाबा, राम रहीम, आसाराम और राधे मां जैसे नाम शामिल हैं।

प्रिंट मीडिया, शैल ग्लोबल टाइम्स/ हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स/संपादक उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारी, अवतार सिंह बिष्ट रुद्रपुर, (उत्तराखंड)
जहां आसाराम नाबालिग शिष्या के बलात्कार के आरोप में उम्रकैद की सजा काट रहे हैं, वहीं गुरमीत राम रहीम सिंह भी अपनी दो शिष्याओं के साथ दुष्कर्म के आरोप में 20 साल की सजा भुगत रहे हैं। ऐसे ही एक आश्रम वाले बाबा का बॉलीवुड में जलवा है। आइए जानते हैं उस बाबा के बारे में।
आश्रम में ठगी और अंधविश्वास का पर्दाफाश
आश्रम में दिखाई गई ठगी बाबाओं की कहानी

हम बात कर रहे हैं बॉबी देओल की वेब सीरीज ‘आश्रम’ की, जो बाबा निराला मनसुख बाबा पर आधारित है। इस सीरीज में दिखाया गया है कि कैसे बाबा निराला ने सम्मोहन के माध्यम से आश्रम को अपने नियंत्रण में ले लिया है। यह सीरीज भक्ति और अंधविश्वास के बीच के अंतर को स्पष्ट करती है।
इस सीरीज में आश्रम की काली दुनिया को उजागर करने का प्रयास किया गया है। कहानी काल्पनिक शहर काशीपुर में बाबा निराला के इर्द-गिर्द घूमती है। बाबा निराला, एक धर्मगुरु हैं, जिन्हें उनके अनुयायी पूरी तरह से मानते हैं, लेकिन असल में वह एक ठग हैं।
यौन शोषण और अपराधों का पर्दाफाश
Aashram में यौन शोषण जैसी वारदातों को दिया जाता है अंजाम

आश्रम सीरीज का पहला सीजन 28 अगस्त 2020 को एमएक्स प्लेयर पर रिलीज हुआ था। कहानी की शुरुआत पम्मी से होती है, जो नीची जाति के परिवार से आती है और अक्सर भेदभाव का शिकार होती है। काशीपुर वाले बाबा उसकी और उसके परिवार की मदद करते हैं।
प्रकाश झा की इस वेब सीरीज ने यह सवाल उठाया है कि क्या देशभर में बाबाओं के आश्रम ऐसे ही होते हैं? जहां राजनीति के साथ-साथ यौन शोषण और हत्या जैसी वारदातें होती हैं? पिछले कुछ वर्षों में देशभर में ऐसे आश्रमों की सच्चाई सामने आ चुकी है।
आश्रम की रहस्यमयी दुनिया
Aashram की रहस्यमयी दुनिया को उजागर करती है ये सीरीज

बॉबी देओल की सीरीज ‘आश्रम’ की रहस्यमयी दुनिया में हर बात अद्भुत है। बाबा निराला का असली नाम मोंटी है, जो पेशे से मोटर मैकेनिक और कार ड्राइवर था, लेकिन आश्रम के असली स्वामी मनसुख बाबा पर उसने सम्मोहन का जादू चलाया और धीरे-धीरे वह यहां का पहले मैनेजर फिर मालिक बन गया।
बाबा निराला सभी पुरुषों का शुद्धिकरण करवा देता है, लेकिन खुद यौन सुख के लिए हर बंदिश से मुक्त रहता है। आश्रम में मनसुख बाबा ने पैसे, शराब और राजनीति से दूर रहने का दावा किया, लेकिन अब बाबा निराला और भोपा स्वामी के शासन में हर अपराध को अंजाम दिया जाता है। इस सीरीज के अब तक तीन भाग आ चुके हैं, जिन्हें दर्शकों ने बहुत पसंद किया है।




