इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित कथित वीडियो में मुफ्ती मदरसों को बंद करने को लेकर चेतावनी देते हुए दिखाई दे रहे हैं। पुलिस ने धार्मिक जुलूस के दौरान भड़काऊ भाषण देने के आरोप में धारा 196(2) के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
अवतार सिंह बिष्ट | हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स, रुद्रपुर, उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलनकारी उत्तराखंड
कथित वीडियो में मुफ्ती मुजीब मदरसों को लेकर कहते हुए दिखाई दे रहे हैं कि इनके बारे में ज्यादा फैसला न किया जाए। उनका कहना है कि मदरसों में लोगों को तालीम दी जाती है और किसी पर जुल्म, ज्यादती या चोरी न करने की सीख दी जाती है। इसके बाद वह मदरसों को बंद करने की स्थिति में परिणाम भुगतने की चेतावनी देते हुए दिखाई दे रहे हैं।
ईदगाह की भूमि वापस करने की मांग
वीडियो में मुफ्ती ईदगाह की भूमि वापस करने की मांग भी करते नजर आ रहे हैं। उनका कहना है कि पहले ईदगाह के मैदान में बच्चे मैच खेलते थे और एक्सरसाइज करते थे। अब बच्चों के दिनभर पढ़ाई करने के बाद खेलने और व्यायाम करने के लिए कोई जगह नहीं बची है। इसी को लेकर उन्होंने ईदगाह की भूमि वापस करने की मांग उठाई।
वीडियो इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित होने के बाद पुलिस ने मामले का संज्ञान लिया। सीओ सिटी विभव सैनी ने बताया कि मुफ्ती मुजीब के विरुद्ध धारा 196(2) के तहत प्राथमिकी पंजीकृत की गई है। आरोपित खेड़ा स्थित एक मदरसे में पढ़ाता है। मामले की विवेचना एसआइ दीपक कौशिक को सौंपी गई है।
