

इजरायल के मुताबिक, राद साद हमास के सैन्य विंग में हथियार उत्पादन मुख्यालय का प्रमुख था और 7 अक्टूबर 2023 को इजरायल पर हुए भीषण हमले की योजना बनाने वालों में शामिल था।

✍️ अवतार सिंह बिष्ट | हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स, रुद्रपुर ( उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलनकारी
IDF ने बताया कि राद साद हाल के महीनों में हमास के सबसे खतरनाक आतंकियों में से एक बन चुका था। सीजफायर के बावजूद, वह हमास की सैन्य संरचना को फिर से खड़ा करने और हथियार निर्माण को तेज करने में लगा हुआ था। इजरायली सेना ने यह भी दावा किया कि राद साद हाल के समय में IDF सैनिकों पर किए गए कई विस्फोटक हमलों के पीछे था।
7 अक्टूबर हमले का था मास्टरमाइंड
राद साद ने गाजा सिटी ब्रिगेड की स्थापना की थी और हमास की नौसैनिक ताकत को भी मजबूत किया था। वह हमास के सैन्य विंग के डिप्टी चीफ मरवान इस्सा का करीबी सहयोगी था। IDF के मुताबिक, राद साद ने ‘जेरिको वॉल’ योजना तैयार की थी, जिसके तहत 7 अक्टूबर को इजरायल पर हमला किया गया था।
यह हमला इजरायल के इतिहास में सबसे घातक आतंकी हमलों में से एक था। इजरायल ने आरोप लगाया कि संघर्षविराम के बावजूद राद साद हथियार और विस्फोटक बना रहा था, जिसका इस्तेमाल इजरायली सैनिकों पर हमलों में किया गया। IDF और ISA ने यह स्पष्ट किया कि हमास के खिलाफ अभियान जारी रहेगा और संगठन की सैन्य क्षमताओं को समाप्त करने के लिए ऐसे ऑपरेशन किए जाएंगे।
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