बुलबुल दास को इस चुनाव में 61,545 मतों से संतोष करना पड़ा।

अवतार सिंह बिष्ट | हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स, रुद्रपुर ( अध्यक्ष:उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलनकारी परिषद उत्तराखंड)
जागीरोड विधानसभा सीट, जो अनुसूचित जाति (एससी) के लिए आरक्षित है, राज्य की कुल 126 विधानसभा सीटों में शामिल है। यह सीट नौगोंग लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत आती है और राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण मानी जाती है। इस क्षेत्र में शहरी और ग्रामीण, दोनों प्रकार के मतदाताओं का मिश्रण देखने को मिलता है।
मतदाता आंकड़ों पर नजर डालें तो इस सीट पर कुल मतदाताओं की संख्या करीब 2.23 लाख है। वर्ष 2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान यहां 2,22,110 मतदाता पंजीकृत थे, जबकि मतदान केंद्रों की संख्या 316 रही थी। उसी चुनाव में इस क्षेत्र में 81.69 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया था।
वहीं, 2016 के विधानसभा चुनाव में जागीरोड सीट पर मतदाताओं में खासा उत्साह देखने को मिला था, जब यहां 85.29 प्रतिशत मतदान हुआ था। इस बार भी मतदान को लेकर क्षेत्र में अच्छी भागीदारी देखने को मिली, जिसने चुनाव परिणाम को निर्णायक बनाने में अहम भूमिका निभाई।
कुल मिलाकर, 2026 के चुनाव परिणामों ने एक बार फिर यह स्पष्ट कर दिया है कि जागीरोड विधानसभा क्षेत्र में भाजपा की पकड़ मजबूत बनी हुई है।
बता दें कि जागीरोड विधानसभा सीट पर पहली बार 1978 में विधानसभा चुनाव हुआ था, जिसमें कांग्रेस के उम्मीदवार प्रकाश चंद्र दलाई को जीत मिली थी, जिसके बाद इस सीट पर अब तक कुल 11 बार विधानसभा चुनाव हो चुके हैं।
भाजपा नेता पीयूष हजारिका लगातार तीसरी बार इस सीट पर अपनी जीत बरकरार रखने में सफल साबित हुए हैं। उन्हें इस सीट पर पहली बार 2016 में जीत मिली थी। इसके बाद 2021 में दूसरे बार यहां से विधायक बने और अब 2026 में तीसरी बार यहां से चुनाव जीते हैं।
बता दें कि असम में एक बार फिर से भाजपा की सरकार बनने जा रही है।

