रुद्रपुर/नई दिल्ली। भारत के लिए गौरव का क्षण है कि उधम सिंह नगर जिला ओलंपिक संघ के अध्यक्ष एवं राष्ट्रीय सेपक टाकरा चैंपियनशिप के पदक विजेता खिलाड़ी डॉ. नागेंद्र शर्मा को 39वीं आई.एस.टी.ए.एफ. विश्व सेपक टाकरा चैंपियनशिप (थाई किंग्स कप-2026) में भारतीय महिला एवं पुरुष सेपक टाकरा टीम का टीम मैनेजर नियुक्त किया गया है। उनके नेतृत्व में भारतीय दल 3 से 11 अगस्त, 2026 तक थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक में आयोजित होने वाली इस प्रतिष्ठित विश्व प्रतियोगिता में भारत का प्रतिनिधित्व करेगा।
अवतार सिंह बिष्ट | हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स, रुद्रपुर, उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलनकारी उत्तराखंड
विश्व सेपक टाकरा चैंपियनशिप दुनिया की सबसे प्रतिष्ठित प्रतियोगिताओं में शामिल है, जहाँ एशिया, यूरोप, अमेरिका और अन्य महाद्वीपों के शीर्ष खिलाड़ी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करते हैं। इस वर्ष भी विश्वभर के अनेक देशों की मजबूत टीमें खिताब के लिए चुनौती पेश करेंगी। भारतीय महिला एवं पुरुष टीम पूरे आत्मविश्वास और बेहतर तैयारी के साथ प्रतियोगिता में उतर रही है।
भारतीय सेपक टाकरा संघ ने विश्वास व्यक्त किया है कि भारतीय खिलाड़ी इस बार अपने शानदार प्रदर्शन से विश्व मंच पर तिरंगे की शान बढ़ाएंगे। खिलाड़ियों ने प्रतियोगिता से पूर्व कठिन प्रशिक्षण शिविरों में भाग लेकर अपनी तकनीक, फिटनेस और टीम संयोजन को मजबूत किया है। संघ का मानना है कि भारतीय टीम इस बार पदक जीतने की प्रबल दावेदारों में शामिल होगी।
डॉ. नागेंद्र शर्मा लंबे समय से भारतीय सेपक टाकरा से जुड़े रहे हैं। राष्ट्रीय स्तर पर पदक विजेता खिलाड़ी होने के साथ-साथ उन्होंने खेल प्रशासन और खिलाड़ियों के मार्गदर्शन में भी उल्लेखनीय योगदान दिया है। वर्तमान में वे उधम सिंह नगर जिला ओलंपिक संघ के अध्यक्ष के रूप में जिले और प्रदेश में खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने का कार्य कर रहे हैं। उनके नेतृत्व में अनेक खिलाड़ियों ने राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर अपनी पहचान बनाई है।
खेल विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में टीम मैनेजर की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। खिलाड़ियों का मनोबल बनाए रखना, प्रतियोगिता के दौरान समन्वय स्थापित करना, तकनीकी एवं प्रशासनिक व्यवस्थाओं का संचालन करना और टीम को सकारात्मक वातावरण उपलब्ध कराना टीम मैनेजर की प्रमुख जिम्मेदारियों में शामिल होता है। डॉ. नागेंद्र शर्मा के अनुभव का लाभ भारतीय टीम को निश्चित रूप से मिलेगा।
भारतीय सेपक टाकरा संघ के पदाधिकारियों, विभिन्न राज्य इकाइयों, प्रशिक्षकों, खिलाड़ियों और खेल संगठनों ने डॉ. नागेंद्र शर्मा तथा पूरे भारतीय दल को शुभकामनाएँ प्रेषित की हैं। सभी ने आशा व्यक्त की कि भारतीय महिला एवं पुरुष खिलाड़ी अनुशासन, समर्पण और उत्कृष्ट खेल भावना का परिचय देते हुए विश्व मंच पर भारत का गौरव बढ़ाएंगे।
उधम सिंह नगर और उत्तराखंड के खेल प्रेमियों में भी इस उपलब्धि को लेकर विशेष उत्साह है। जिले के खिलाड़ियों का कहना है कि डॉ. नागेंद्र शर्मा का विश्व चैंपियनशिप में भारतीय दल का नेतृत्व करना पूरे उत्तराखंड के लिए गर्व का विषय है। इससे राज्य के युवा खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ने की नई प्रेरणा मिलेगी।
विशेषज्ञों का मानना है कि पिछले कुछ वर्षों में भारतीय सेपक टाकरा टीम ने लगातार अपने प्रदर्शन में सुधार किया है। एशियाई स्तर की प्रतियोगिताओं में मिले अनुभव का लाभ इस विश्व चैंपियनशिप में देखने को मिल सकता है। महिला और पुरुष दोनों वर्गों में भारतीय खिलाड़ियों के पास दमदार प्रदर्शन करने की क्षमता है।
भारतीय खिलाड़ियों ने प्रतियोगिता से पहले कहा कि देश का प्रतिनिधित्व करना उनके लिए सबसे बड़ा सम्मान है। वे प्रत्येक मुकाबले में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर भारत के लिए पदक जीतने का प्रयास करेंगे। खिलाड़ियों ने देशवासियों से आशीर्वाद और समर्थन की अपील भी की है।
भारतीय सेपक टाकरा संघ ने कहा कि डॉ. नागेंद्र शर्मा के कुशल नेतृत्व, प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन और खिलाड़ियों की मेहनत के दम पर भारतीय टीम विश्व चैंपियनशिप में नई उपलब्धियाँ हासिल करेगी। खेल प्रेमियों का विश्वास है कि बैंकॉक में भारतीय टीम अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन करते हुए विश्व मंच पर तिरंगे की आन, बान और शान को नई ऊँचाइयों तक पहुँचाएगी।
मुख्य बिंदु
प्रतियोगिता: 39वीं आई.एस.टी.ए.एफ. विश्व सेपक टाकरा चैंपियनशिप (थाई किंग्स कप-2026)
तिथि: 3 से 11 अगस्त, 2026
स्थान: बैंकॉक, थाईलैंड
भारतीय दल के टीम मैनेजर: डॉ. नागेंद्र शर्मा
विशेष उपलब्धि: राष्ट्रीय पदक विजेता खिलाड़ी एवं उधम सिंह नगर जिला ओलंपिक संघ के अध्यक्ष
लक्ष्य: विश्व मंच पर भारत के लिए पदक जीतना और तिरंगे का गौरव बढ़ाना
कोट
“भारतीय महिला एवं पुरुष टीम पूरी तैयारी और आत्मविश्वास के साथ विश्व चैंपियनशिप में उतर रही है। खिलाड़ियों की मेहनत, अनुशासन और टीम भावना निश्चित रूप से भारत को नई सफलता दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।”
