देश में एक बार फिर एनडीए की सरकार बनने जा रही है। नरेंद्र मोदी तीसरी बार देश के प्रधानमंत्री बनने वाले हैं। हालांकि, 2014, 2019 की तरह इस बार भाजपा पूर्ण बहुमत के जादुई आंकड़े को छूने में असफल रही।

देश में एक बार फिर एनडीए की सरकार बनने जा रही है। नरेंद्र मोदी तीसरी बार देश के प्रधानमंत्री बनने वाले हैं। हालांकि, 2014, 2019 की तरह इस बार भाजपा पूर्ण बहुमत के जादुई आंकड़े को छूने में असफल रही।
देश में एक बार फिर एनडीए की सरकार बनने जा रही है। नरेंद्र मोदी तीसरी बार देश के प्रधानमंत्री बनने वाले हैं। हालांकि, 2014, 2019 की तरह इस बार भाजपा पूर्ण बहुमत के जादुई आंकड़े को छूने में असफल रही।
हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स /प्रिंटिंग मीडिया शैल ग्लोबल टाइम्स /संपादक अवतार सिंह बिष्ट , रूद्रपुर, उत्तराखंड

इस बार भाजपा को टीडीपी और जेडीयू को साथ लेकर सरकार चलानी होगी।

पहली बार नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा को नहीं मिली बहुमत

सबसे बड़ी बात ये है कि साल 2002 से लेकर अब तक यानी जब-जब नरेंद्र मोदी सीएम या पीएम रहे तब तक भाजपा को बहुमत मिली। साल 2002, 2007 और 2012 में नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में गुजरात विधानसभा चुनाव में भाजपा को बहुमत मिली। इसके बाद साल 2014 और 2019 में भाजपा को लोकसभा चुनाव में बहुमत मिली।

पहली बार ऐसा हो रहा है कि मोदी के नेतृत्व में भाजपा अपने दम पर बहुमत का आंकड़ा छूने में असफल रही है। साल 2014 के लोकसभा चुनाव में भाजपा को 282 सीटें मिली थी, साल 2023 में पार्टी को 303 सीटें मिली, लेकिन इस बार 240 सीटें ही हासिल कर पाई।

अपराजेय नेता हैं नरेंद्र मोदी

हालांकि, सबसे बड़ी बात है कि पिछले 23 सालों से नरेंद्र मोदी सत्ता पर काबिज हैं। नरेंद्र मोदी की व्यक्तिगत सफलता की बात करें तो वो अपराजेय नेता हैं, जिन्हें किसी भी चुनाव में हार का सामना नहीं करना पड़ा है। वो तीसरी बार वाराणसी से सांसद चुनकर आए हैं।