

✍️ विशेष संवाददाता | रुद्रपुर

रुद्रपुर,भारतीय जनता पार्टी ने संगठन विस्तार की प्रक्रिया को आगे बढ़ाते हुए ऊधमसिंह नगर जिले की नई जिला कार्यकारिणी की घोषणा कर दी है। भाजपा के जिला अध्यक्ष कमल कुमार जिंदल द्वारा जारी सूची में पार्टी ने महिलाओं, युवाओं और अनुभवी कार्यकर्ताओं को संतुलित प्रतिनिधित्व देकर संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने का संदेश दिया है।
यह घोषणा भाजपा उत्तराखण्ड के प्रदेश अध्यक्ष श्री महेन्द्र भट्ट की सहमति के बाद की गई है।
जिला उपाध्यक्षों की टीम में विविधता
जिले में छह जिला उपाध्यक्ष बनाए गए हैं। इनमें श्री अमित नारंग, श्रीमती शालिनी बोरा, श्रीमती शिखा हलदार, श्री इन्द्रपाल सिंह मान, श्री अमित पांडे और श्री हिमांशु शुक्ला शामिल हैं। महिलाओं को उपाध्यक्ष पद पर अवसर देकर संगठन ने महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक अहम कदम उठाया है।
महामंत्री और मंत्री पदों पर नई ऊर्जा
जिला महामंत्री के रूप में श्री तरूण दत्ता और श्री रमेश जोशी को जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अलावा जिला मंत्री मंडल में गजेन्द्र प्रजापति, श्रीमती विमला बिष्ट, अक्षय अरोरा, प्रमोद मित्तल, गोविन्द मेहता, श्रीमती सुलोचना रावत और रोशन अरोरा जैसे नाम शामिल किए गए हैं। यह टीम संगठन को गांव-गांव और बूथ स्तर तक मजबूत करने में अहम भूमिका निभाएगी।
संगठन के स्तंभ
- कोषाध्यक्ष: श्री मोर सिंह यादव
- कार्यालय मंत्री: श्री सुरेन्द्र चौधरी
- सह-कार्यालय मंत्री: श्री विजय तोमर
- मीडिया संयोजक: श्री मानस जायसवाल
- आई.टी. संयोजक: श्री अक्षय गहलोत
- सोशल मीडिया संयोजक: श्री सतेन्द्र दीवाकर
इन पदों पर नियुक्तियां यह दर्शाती हैं कि भाजपा डिजिटल युग की चुनौतियों और अवसरों को ध्यान में रखते हुए अपने संगठन को और अधिक तकनीकी रूप से सशक्त बना रही है।
संपादकीय ,भाजपा की यह नई जिला टीम अनुभव और ऊर्जा का बेहतरीन संगम कही जा सकती है। जहां एक ओर वरिष्ठ नेताओं के अनुभव से संगठनात्मक मजबूती मिलेगी, वहीं युवा कार्यकर्ताओं की सक्रियता भाजपा के जमीनी विस्तार में सहायक होगी। महिलाओं को प्रमुख जिम्मेदारी देना पार्टी की सभी को साथ लेकर चलने” की नीति को रेखांकित करता है।
।✍️ अवतार सिंह बिष्ट | हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स, रुद्रपुर ( उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलनकारी
ऊधमसिंह नगर जैसे राजनीतिक रूप से संवेदनशील और विविधता से भरे जिले में भाजपा की यह टीम आने वाले समय में पार्टी की रीति-नीति और योजनाओं को जनता तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।




