सोनम रुड़की की वो टीचर है, जिसके बारे में पुलिस ने खुलासा किया है कि वो पाकिस्तान से आने वाली लाखों की रकम को आगे किसी और के खाते में ट्रांसफर करती थी। इसकी एवज में सोनम हर ट्रांजेक्शन के बदले 500 रुपए लेती थी।
अवतार सिंह बिष्ट | हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स, रुद्रपुर ( अध्यक्ष:उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलनकारी परिषद उत्तराखंड
मामले में जम्मू-कश्मीर पुलिस ने 24 मई को कलियर कोतवाली क्षेत्र के आसफनगर-कोटा मुरादनगर गांव से सोनम को गिरफ्तार किया था। उसके पास से कई सिम, एटीएम कार्ड और लैपटॉप समेत कई दस्तावेज बरामद किए गए थे। जांच आगे बढ़ी तो सोनम की सहेली पूजा का नाम सामने आया। जम्मू कश्मीर पुलिस ने पूजा को आसफनगर-कोटा मुरादनगर से गिरफ्तार कर लिया।
अहम सुराग लगे हाथ, कुछ और गिरफ्तारियां होंगी
जम्मू कश्मीर पुलिस को मामले में कई और अहम सुराग हाथ लगे हैं। इसके बाद माना जा रहा है कि मामले में कुछ और गिरफ्तारियां हो सकती हैं। इस मामले में उत्तराखंड और जम्मू कश्मीर पुलिस सभी जानकारी आपस में साझा कर रही हैं।
एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर का कहना है कि जम्मू-कश्मीर पुलिस ने सोनम की सहेली की पुलिस कस्टडी ली है। जिसमें स्थानीय पुलिस ने सहयोग किया है। आगे भी स्थानीय पुलिस जम्मू-कश्मीर पुलिस का सहयोग करेगी।
एमएससी की पढ़ाई कर रही है पूजा
सोनम की सहेली पूजा एमएससी की पढ़ाई कर रही है। वह एक कॉलेज में बच्चों को पढ़ा भी रही थी। इस दौरान सोनम पूजा के संपर्क में आई। कॉलेज में पढ़ाते समय दोनों की दोस्ती हो गई थी। वह एक-दूसरे को अपनी हर बात बताती थीं।
पुलिस के रडार पर आ गई थी पूजा
पाकिस्तान से कश्मीर के युवकों के माध्यम से करोड़ों रुपये के संदिग्ध ट्रांजेक्शन मामले में गिरफ्तार की गई पूजा की गिरफ्तारी अचानक नहीं हुई। इससे पहले इसी प्रकरण में सोनम की गिरफ्तारी के बाद से ही पूजा स्थानीय पुलिस और जम्मू-कश्मीर पुलिस की निगरानी में थी। पुलिस की शुरुआती जांच में पूजा का नाम सामने आने पर पिछले दिनों उसे हिरासत में लेकर पूछताछ भी की गई थी, लेकिन उस समय पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिलने के कारण उसे छोड़ दिया गया था। पूजा से पूछताछ के बाद भी पुलिस का संदेह पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ था।
स्थानीय पुलिस और जम्मू-कश्मीर पुलिस लगातार मामले से जुड़ी सूचनाएं साझा कर रही थीं। जांच एजेंसियां पूजा की गतिविधियों और उससे जुड़े तथ्यों पर नजर बनाए हुए थीं। इस बीच तकनीकी और अन्य साक्ष्यों को एकत्रित करने का काम जारी रहा। बताया जा रहा है कि पूजा को भी लगने लगा था कि पुलिस का ध्यान अब उससे हट चुका है और वह जांच के दायरे से बाहर हो गई है। लेकिन जांच आगे बढ़ने के साथ जब एजेंसियों को उसके खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य मिले और कथित तौर पर उसकी भूमिका स्पष्ट हुई, तब जम्मू-कश्मीर पुलिस की टीम रुड़की पहुंची और उसे गिरफ्तार कर लिया। यह पहली बार है जब पाकिस्तान से कश्मीर के युवाओं के माध्यम से जुड़े किसी मामले में क्षेत्र की दो युवतियों की गिरफ्तारी हुई है। जांच एजेंसियां अब भी मामले की तह तक पहुंचने का प्रयास कर रही हैं। पड़ताल के दौरान कुछ अन्य नाम भी सामने आ सकते हैं। सोनम की गिरफ्तारी के दौरान जांच में सामने आया था कि कठुआ जिले में दर्ज एक मुकदमे के आधार पर यह गिरफ्तारी की गई थी।
इसके एवज में सोनम ने 20 लाख रुपये अधिक कमीशन के रूप से हासिल किए। पुलिस सूत्रों की मानें तो पूजा उमर के साथ मिलकर काफी समय से यह काम कर रही थी। उसने सोनम से उमर की बात कराई तो कुछ दिनों बाद उसने इस काम से किनारा कर लिया था। सूत्रों की मानें तो करीब तीन माह पूर्व सोनम के कहने पर पूजा ने इस काम में दोबारा कदम रखा था। सोनम के कहने पर उसने दो से तीन बार अलग-अलग बैंक खातों में रुपयों का ट्रांजेक्शन किया था।
पड़ोसियों तक को नहीं लगी भनक
जम्मू-कश्मीर और स्थानीय पुलिस ने इस पूरे मामले में पूरी सावधानी और गोपनीयता बरते रखी। सोनम की सहेली को पुलिस ने गुपचुप तरीके से हिरासत में लिया और एक गुप्त स्थान पर बुधवार से लेकर गुरुवार तक पूछताछ की। पुलिस ने इसकी भनक गांव में आसपास के लोगों को भी नहीं लगने दी। पुलिस को अंदेशा था कि अगर इस बात का पता आसपास के लोगों को चल गया तो जांच प्रभावित हो सकती है। सोनम से मिलने से पहले आकाओं के इशारे पर ट्रांजेक्शन कर रही थी। साथ ही दोनों के पाकिस्तानी कनेक्शन मिलने से हर कोई स्तब्ध है।
आर्थिक रूप से कमजोर सोनम और पूजा
सोनम और पूजा दोनों साधारण और आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों से संबंध रखती हैं। इसी वजह से दोनों जल्दी पैसा कमाने की इपराक में पाक से जुड़े कश्मीर के युवाओं के झांसे में आ गई। ग्रामीणों के अनुसार बचपन से ही दोनों ने आर्थिक अभावों के बीच जीवन बिताया, लेकिन पढ़ाई में अच्छी थीं और कंप्यूटर का भी अच्छा ज्ञान रखती थीं। परिवार और गांव के लोगों को उम्मीद थी कि दोनों अपनी प्रतिभा के दम पर परिवार और क्षेत्र का नाम रोशन करेंगी। ग्रामीणों का कहना है कि आधुनिक तकनीक की अच्छी समझ होने के बावजूद दोनों आसान और जल्दी पैसा कमाने के लालच में गलत लोगों के संपर्क में आ गईं। लोगों के अनुसार यदि उनकी प्रतिभा का उपयोग सही दिशा में होता तो वे एक बेहतर भविष्य बना सकती थीं। फिलहाल दोनों की गिरफ्तारी के बाद गांव में हैरानी और मायूसी का माहौल है।
घर की तंगहाली के बीच अमीर बनने की चाहत
घर की तंगहाली से जूझ रही सोनम सहेली बातों में आ गई थी। सूत्रों की मानें तो एक तरफ परिवार को संभालने की मजबूरी और दूसरी तरफ रातों-रात अमीर बनने का लालच। इसके चलते सोनम खुद को रोक नहीं पाई और इस खतरनाक दलदल में उतर गई। सूत्रों की मानें तो पुलिस अब यह पता लगा रही है कि दोनों ने अब तक कितने करोड़ रुपये का ट्रांजेक्शन किया जा चुका है और इस पैसे का इस्तेमाल कहीं देश विरोधी गतिविधियों या टेरर फंडिंग में तो नहीं होना था। वहीं, सोनम और उसकी सहेली पूजा को लेकर क्षेत्र में तरह-तरह की चर्चाएं चल रही हैं।
