

रुद्रपुर/हल्द्वानी। महिलाओं और कुमाऊं के आराध्य लोक देवताओं पर बेहद आपत्तिजनक व अशोभनीय टिप्पणी करने के आरोप में रामपुर रोड निवासी विवादित ब्लॉगर ज्योति अधिकारी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। गुरुवार देर रात हुई गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।

(सोशल मीडिया इनफ्लुएंसर ज्योति अधिकारी की जमानत खारिज, कुमाऊं भर में दर्ज हो रहे ताबड़तोड़ मुकदमे)
ये
मामले के अनुसार, हिम्मतपुर मल्ला निवासी जूही चुफाल ने मुखानी थाने में तहरीर देकर आरोप लगाया था कि अंकिता हत्याकांड के विरोध में बुद्ध पार्क में चल रहे धरना-प्रदर्शन के दौरान ज्योति अधिकारी ने सार्वजनिक रूप से दरांती लहराते हुए स्थानीय संस्कृति, कुमाऊं की महिलाओं और लोक देवी-देवताओं के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी की। आरोप है कि उन्होंने महिलाओं के लिए ‘नाचने वाली’ जैसे अपशब्दों का प्रयोग किया और लोक देवताओं को ‘फर्जी’ करार दिया, जिससे सामाजिक और सांस्कृतिक भावनाओं को गहरी ठेस पहुंची।
मुखानी थानाध्यक्ष सुशील जोशी के अनुसार, तहरीर के आधार पर जांच के बाद आरोपी को पूछताछ के लिए बुलाया गया था। कई घंटों की पूछताछ के बाद पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। एसपी सिटी मनोज कत्याल ने बताया कि घटना में प्रयुक्त दरांती भी बरामद कर ली गई है। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 27, 192, 196, 299, 302 सहित आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
उधर, हल्द्वानी में गिरफ्तारी के बाद रुद्रपुर कोतवाली में भी ज्योति अधिकारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। रुद्रपुर निवासी भाजपा नेत्री ममता त्रिपाठी की तहरीर पर पुलिस ने धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने और महिलाओं के अपमान से जुड़ी धाराओं में कार्रवाई शुरू की है। तहरीर में सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो का हवाला देते हुए कहा गया है कि सार्वजनिक रूप से दरांती लहराकर की गई टिप्पणियों से उत्तराखंड की सांस्कृतिक विरासत और नारी सम्मान को गंभीर ठेस पहुंची है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के नाम पर सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने या धार्मिक-सांस्कृतिक आस्था का अपमान करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।




