उत्तराखंड!देहरादून/नैनीताल/अल्मोड़ा। उत्तराखंड से जुड़ी दिनभर की प्रमुख खबरों में क्रिकेट एसोसिएशन में कथित 22 करोड़ रुपये के गबन मामले में हाईकोर्ट की सख्ती, यूजीसी के नए नियमों के विरोध में हल्द्वानी में सत्याग्रह, मॉरीशस में अल्मोड़ा के युवक के लापता होने और देहरादून जू में राज्य के पहले सफेद बाघ ‘तेजस’ के पहुंचने की खबरें प्रमुख रहीं। वहीं, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हरियाणा में आयोजित ‘नमो क्रिकेट लीग’ में खिलाड़ियों के साथ क्रिकेट खेलकर युवाओं का उत्साह बढ़ाया और नशे से दूर रहने का संदेश दिया।
अवतार सिंह बिष्ट | हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स, रुद्रपुर, उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलनकारी उत्तराखंड
22 करोड़ के कथित गबन मामले में हाईकोर्ट सख्त
उत्तराखंड हाईकोर्ट ने क्रिकेट एसोसिएशन से जुड़े कथित 22 करोड़ रुपये के गबन और भ्रष्टाचार के मामले में पुलिस की जांच रिपोर्ट पर असंतोष जताते हुए उसे अस्पष्ट और सतही बताया है। न्यायमूर्ति राकेश थपलियाल की एकलपीठ ने मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो से विस्तृत राय मांगी है।
याचिकाकर्ता धीरज भंडारी की ओर से दाखिल याचिका में उत्तराखंड क्रिकेट एसोसिएशन के खिलाफ गंभीर वित्तीय अनियमितताओं के आरोप लगाए गए हैं। मामले में सीबीआई और बीसीसीआई को भी पक्षकार बनाया गया है। कोर्ट ने 26 मार्च 2025 को दिए गए निर्देशों के आधार पर पुलिस द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट का परीक्षण किया।
पुलिस उपाधीक्षक, सर्किल डोईवाला, देहरादून अनिल कुमार जोशी की रिपोर्ट में ऑडिट रिपोर्ट के आधार पर किसी अनियमितता के नहीं पाए जाने की बात कही गई थी। हालांकि हाईकोर्ट ने कहा कि रिपोर्ट में 15 नवंबर 2024 को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को दी गई मूल शिकायत में लगाए गए आरोपों पर पर्याप्त चर्चा और ठोस जांच दिखाई नहीं देती।
कोर्ट ने सीबीआई को याचिका, शिकायत और संबंधित पक्षों द्वारा प्रस्तुत दस्तावेजों का अध्ययन कर अपनी विस्तृत राय सीलबंद लिफाफे में अदालत के समक्ष प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। मामले की अगली सुनवाई 29 अक्टूबर 2026 को होगी।
याचिका में बीसीसीआई से प्राप्त धनराशि के इस्तेमाल को लेकर भी सवाल उठाए गए हैं। आरोपों में खिलाड़ियों और खेल विकास के बजाय कथित तौर पर अन्य मदों में धन खर्च किए जाने की बात कही गई है। ऑडिट से जुड़े दावों में खिलाड़ियों के लिए लाखों रुपये के केले खरीदने का खर्च भी चर्चा में रहा है। इन आरोपों की अंतिम पुष्टि अदालत और जांच प्रक्रिया के परिणाम के बाद ही होगी।
यूजीसी के नए नियमों के विरोध में हल्द्वानी में सत्याग्रह
हल्द्वानी के तिकोनिया स्थित बुद्ध पार्क में सवर्ण शक्ति संगठन ने यूजीसी के नए नियमों के विरोध में एक दिवसीय सत्याग्रह किया। इस दौरान उत्तराखंड राज्य आंदोलन के रामपुर तिराहा कांड के शहीदों को श्रद्धांजलि दी गई। महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती पर उनके चित्रों पर पुष्पांजलि भी अर्पित की गई।
संगठन के अध्यक्ष भुवन भट्ट ने कहा कि उत्तराखंड निर्माण आंदोलन में रामपुर तिराहा कांड के दौरान लोगों ने बलिदान दिया था। उन्होंने आरोप लगाया कि नए नियमों से राज्य के एक वर्ग के युवाओं के हित प्रभावित हो सकते हैं।
संयोजक विशाल शर्मा ने कहा कि आंदोलन किसी जाति के खिलाफ नहीं, बल्कि व्यवस्था में कथित भेदभाव के खिलाफ है। उन्होंने यूजीसी के नए नियमों को युवाओं के भविष्य के लिए चिंता का विषय बताया।
यहां एक महत्वपूर्ण पक्ष यह है कि यूजीसी के नियमों को लेकर होने वाली बहस में नियम की वास्तविक भाषा, लागू होने का क्षेत्र, आरक्षण एवं प्रवेश व्यवस्था पर उसका प्रभाव, विश्वविद्यालयों की स्वायत्तता और छात्रों पर पड़ने वाले व्यावहारिक असर को अलग-अलग देखना जरूरी है। केवल राजनीतिक या सामाजिक दावों के आधार पर नियम के प्रभाव का निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा। प्रदर्शनकारियों ने सरकार से नियमों की समीक्षा और युवाओं के हितों को स्पष्ट करने की मांग की है।
मॉरीशस में अल्मोड़ा का युवक छह दिन से लापता
द्वाराहाट ब्लॉक के कुंथाड़ी गांव निवासी 26 वर्षीय धर्मेंद्र बिष्ट के मॉरीशस में लापता होने से परिवार में चिंता का माहौल है। स्वजन ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और केंद्रीय राज्यमंत्री अजय टम्टा से हस्तक्षेप की मांग की है।
परिवार के अनुसार धर्मेंद्र अप्रैल 2025 में रोजगार के लिए मॉरीशस गया था और वहां एक कंपनी में वेटर के रूप में कार्यरत था। 27 सितंबर को वह अपने मित्रों के साथ ले बाऊचान स्थित पोंट नेचुरल घूमने गया था। वहां तेज समुद्री लहर की चपेट में आने के बाद उसके बह जाने की सूचना सामने आई।
मॉरीशस पुलिस और विशेष इकाइयों की ओर से खोज एवं बचाव अभियान चलाया जा रहा है। अभी तक धर्मेंद्र का कोई सुराग नहीं मिला है। पिता मदन सिंह बिष्ट ने द्वाराहाट थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई है। स्थानीय पुलिस भी संबंधित दूतावास से संपर्क कर रही है।
परिवार की मांग है कि भारत सरकार और उत्तराखंड सरकार मॉरीशस प्रशासन के साथ समन्वय कर तलाश अभियान को प्रभावी बनाने में मदद करें।
‘नमो क्रिकेट लीग’ में धामी ने खिलाड़ियों के साथ खेला क्रिकेट
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हरियाणा के पंचकूला स्थित ताऊ देवीलाल क्रिकेट स्टेडियम में आयोजित ‘नमो क्रिकेट लीग’ में प्रतिभाग किया। मुख्यमंत्री ने खिलाड़ियों के साथ क्रिकेट खेलकर उनका उत्साह बढ़ाया।
लीग में देश के विभिन्न हिस्सों से 30 से अधिक टीमों ने भाग लिया। खिलाड़ियों से संवाद करते हुए मुख्यमंत्री ने खेल, अनुशासन, टीम भावना और निरंतर प्रयास के महत्व पर जोर दिया।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने युवाओं को नशे से दूर रहने की शपथ भी दिलाई। उन्होंने कहा कि युवाओं की ऊर्जा खेल, रचनात्मकता और राष्ट्र निर्माण में लगनी चाहिए। मुख्यमंत्री ने खेलों को शारीरिक स्वास्थ्य के साथ आत्मविश्वास, नेतृत्व और टीम भावना विकसित करने का माध्यम बताया।
देहरादून जू में आया सफेद बाघ ‘तेजस’
देहरादून जू को टाइगर एक्सचेंज प्रोग्राम के तहत ग्वालियर जूलॉजिकल पार्क से सफेद बाघ ‘तेजस’ मिला है। इसके साथ ही तेजस उत्तराखंड के देहरादून जू में आने वाला पहला सफेद बाघ बताया जा रहा है।
सफेद रंग, काली धारियों और नीली आंखों वाला तेजस फिलहाल क्वारंटाइन में है। अधिकारियों के अनुसार उसे लगभग 20 दिनों तक निगरानी में रखा जाएगा। इस दौरान उसके स्वास्थ्य, खान-पान और नए वातावरण में व्यवहार पर नजर रखी जाएगी।
तेजस को ग्वालियर से देहरादून तक लगभग 556 किलोमीटर की दूरी सड़क मार्ग से तय कराई गई। उसके साथ पशु चिकित्सकों और वन विभाग के अधिकारियों सहित 13 सदस्यीय टीम रही। सफर में करीब 12 से 14 घंटे लगे।
एक्सचेंज कार्यक्रम के तहत देहरादून जू से लगभग पांच वर्षीय रॉयल बंगाल टाइगर ‘भोला’ को ग्वालियर भेजा गया है। अधिकारियों के अनुसार इसका उद्देश्य वन्यजीव विविधता बढ़ाने और संरक्षण गतिविधियों को मजबूत करना है।
सफेद बाघ कोई अलग प्रजाति नहीं है। उसका सफेद रंग एक दुर्लभ आनुवंशिक गुण के कारण होता है और उसके शरीर पर काली धारियां बनी रहती हैं। वह बंगाल टाइगर का ही एक रंग रूप माना जाता है।
क्वारंटाइन अवधि पूरी होने और स्वास्थ्य परीक्षण के बाद तेजस को दर्शकों के लिए प्रदर्शित किया जा सकता है। इससे देहरादून जू के वन्यजीव आकर्षण में एक नया अध्याय जुड़ने की उम्मीद है।
