रुद्रपुर। नगर निगम सभागार में सोमवार को आयोजित भव्य प्रतिभा सम्मान समारोह में हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में शहर के विभिन्न विद्यालयों के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। समारोह के दौरान पूरे सभागार में उत्साह, गौरव और प्रेरणा का माहौल देखने को मिला।
अवतार सिंह बिष्ट | हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स, रुद्रपुर ( अध्यक्ष:उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलनकारी परिषद उत्तराखंड
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि महापौर विकास शर्मा एवं नगर आयुक्त शिप्रा जोशी पाण्डे ने विद्यार्थियों को सम्मानित करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर महापौर ने छात्र-छात्राओं से संवाद कर शिक्षा, शहर की व्यवस्थाओं और युवाओं की जरूरतों पर चर्चा की। विद्यार्थियों ने डिजिटल लाइब्रेरी, कैरियर काउंसिलिंग सेंटर, बेहतर स्वच्छता व्यवस्था और अध्ययन सुविधाओं को बढ़ाने जैसे सुझाव भी दिए।
महापौर विकास शर्मा ने कहा कि नगर निगम केवल सड़क, नाली और सफाई तक सीमित संस्था नहीं है, बल्कि शहर के भविष्य को बेहतर बनाने की जिम्मेदारी भी उसकी है। उन्होंने घोषणा करते हुए कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर लेकिन मेधावी विद्यार्थियों को नगर निगम की ओर से स्कॉलरशिप दी जाएगी, ताकि आर्थिक अभाव किसी भी बच्चे की पढ़ाई में बाधा न बने।
उन्होंने यह भी बताया कि नगर निगम जल्द ही मेधावी विद्यार्थियों के लिए शैक्षिक भ्रमण (एजुकेशनल टूर) आयोजित करेगा, जिससे बच्चों को नई तकनीक, संस्थानों और आधुनिक व्यवस्थाओं को करीब से समझने और सीखने का अवसर मिलेगा। साथ ही भविष्य में कैरियर काउंसिलिंग कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे, जिनमें विशेषज्ञ विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं, प्रोफेशनल कोर्स और रोजगार के अवसरों की जानकारी देंगे।
महापौर ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी युवाओं को आगे बढ़ाने के लिए लगातार कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में लागू नकल विरोधी कानून से भर्ती प्रक्रियाएं पारदर्शी हुई हैं और युवाओं को निष्पक्ष अवसर मिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि सही दिशा, संसाधन और प्रोत्साहन मिलने पर युवा देश और समाज का नाम रोशन कर सकते हैं।
नगर आयुक्त शिप्रा जोशी पाण्डे ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि सफलता केवल अंकों से नहीं बल्कि मेहनत, अनुशासन और सकारात्मक सोच से मिलती है। उन्होंने विद्यार्थियों को समय का सही उपयोग करने, तकनीकी ज्ञान और संवाद कौशल विकसित करने तथा सोशल मीडिया से दूरी बनाकर अध्ययन पर ध्यान केंद्रित करने की सलाह दी।
उन्होंने कहा कि असफलता से घबराने के बजाय उससे सीख लेकर आगे बढ़ना ही सफलता की असली कुंजी है। साथ ही अभिभावकों और शिक्षकों से बच्चों का मनोबल बढ़ाने और सकारात्मक वातावरण देने की अपील की।
इस अवसर पर बेसिक शिक्षा अधिकारी शवेद आलम, बरीत सिंह, पार्षद चिराग कालरा, रवि सिडाना, मानविंदर सिंह सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। समारोह में प्राची मटेला, ईशिता सैनी, आस्था यादव, सिमरन शर्मा, हर्षिता जोशी, रितु धामी, सृष्टि पाल, अतुल्य यादव, अनस अहमद, विष्णु गुप्ता सहित बड़ी संख्या में मेधावी छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया।
