किच्छा चुनावी बवाल में बड़ा पुलिस एक्शन: विधायक बेहड़ को थप्पड़ मारने का आरोपी गिरफ्तार, 30 हिरासत में
रुद्रपुर/किच्छा। किच्छा नगर पालिका चुनाव के दौरान स्ट्रांग रूम के बाहर हुए हाईवोल्टेज विवाद के मामले में पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। विधायक तिलकराज बेहड़ को थप्पड़ मारने के आरोप में पुलिस ने लालपुर की आस्था कॉलोनी निवासी 40 वर्षीय धीरज कुमार को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार आरोपी के खिलाफ धारा 170 बीएनएस के तहत कार्रवाई की गई है और उसे न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू की गई है।
अवतार सिंह बिष्ट | हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स, रुद्रपुर, उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलनकारी उत्तराखंड
पुलिस ने इसके अलावा शांति व्यवस्था बिगाड़ने के आरोप में करीब 30 अन्य लोगों को हिरासत में लिया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार घटना के वीडियो और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर अन्य लोगों की भूमिका भी जांची जा रही है।
बेहड़ और राजेश शुक्ला भी लिए गए थे हिरासत में
मंगलवार शाम नई मंडी स्थित स्ट्रांग रूम के बाहर कांग्रेस विधायक तिलकराज बेहड़ और भाजपा के पूर्व विधायक राजेश शुक्ला अपने-अपने समर्थकों के साथ आमने-सामने आ गए थे। स्ट्रांग रूम के बाहर पर्दे लगाए जाने को लेकर शुरू हुआ विवाद कुछ ही देर में तीखी नोकझोंक, धक्का-मुक्की और हाथापाई में बदल गया।
विधायक बेहड़ ने आरोप लगाया कि राजेश शुक्ला के साथ मौजूद एक समर्थक ने उन्हें थप्पड़ मारा। दूसरी ओर राजेश शुक्ला ने कांग्रेस प्रत्याशी राजेश प्रताप सिंह पर हाथापाई का आरोप लगाया। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने दोनों पक्षों को अलग किया और बेहड़ तथा शुक्ला को भी हिरासत में लेकर अलग-अलग स्थानों पर रखा। बाद में दोनों को छोड़ दिया गया।
पुलिस ने लाठियां फटकारकर भीड़ को हटाया
विवाद बढ़ने पर पुलिस को भीड़ नियंत्रित करने के लिए लाठियां फटकारनी पड़ीं। प्रशासन ने स्ट्रांग रूम की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया। पुलिस का कहना है कि निर्वाचन प्रक्रिया और स्ट्रांग रूम की सुरक्षा में किसी भी प्रकार का व्यवधान स्वीकार नहीं किया जाएगा।
बेहड़ ने तहरीर देने से किया इनकार
घटना के अगले दिन विधायक तिलकराज बेहड़ ने कहा कि वह पुलिस को अलग से तहरीर नहीं देंगे। उनका कहना है कि मामले को विधानसभा की विशेषाधिकार हनन समिति के समक्ष उठाया जाएगा।
राजेश शुक्ला के गंभीर आरोप की भी जांच
घटना के बाद पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ने स्ट्रांग रूम में लॉरेंस बिश्नोई गिरोह से जुड़े व्यक्ति की मौजूदगी का आरोप लगाया। पुलिस ने फिलहाल इस दावे से इनकार किया है और आरोप की जांच की जा रही है। पुलिस उपलब्ध सीसीटीवी और वीडियो फुटेज की जांच कर रही है।
पुलिस प्रशासन की मौजूदा स्थिति
फिलहाल उपलब्ध ताजा जानकारी के मुताबिक:
1 व्यक्ति गिरफ्तार — धीरज कुमार।
करीब 30 लोग हिरासत में।
तिलकराज बेहड़ और राजेश शुक्ला को भी घटना के दौरान हिरासत में लिया गया था, बाद में छोड़ दिया गया।
स्ट्रांग रूम की सुरक्षा के लिए पुलिस बल तैनात।
वीडियो/सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अन्य लोगों की भूमिका की जांच।
चुनावी प्रक्रिया में व्यवधान डालने वालों के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी।
राजेश शुक्ला द्वारा लगाए गए लॉरेंस बिश्नोई गिरोह से जुड़े व्यक्ति के आरोप की पुलिस जांच कर रही है।
हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स की नजर: किच्छा का यह मामला अब केवल दो राजनीतिक नेताओं के बीच हुए विवाद तक सीमित नहीं रह गया है। पुलिस की कार्रवाई में एक गिरफ्तारी और 30 लोगों की हिरासत के बाद जांच का अगला चरण महत्वपूर्ण होगा कि वीडियो और अन्य साक्ष्यों के आधार पर किन लोगों की भूमिका सामने आती है और किन धाराओं में आगे कार्रवाई होती है।
