पुलिस ने उसके पास से 49 नशीले इंजेक्शन और शीशियां बरामद की हैं।

✍️ अवतार सिंह बिष्ट | हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स, रुद्रपुर ( उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलनकारी
पकड़ा गया आरोपी भानूप्रताप पुत्र लीलाधर, सौरभ होटल के सामने, हल्द्वानी निवासी है। मूल रूप से वह ग्राम दमखोदा, थाना बहेड़ी, जिला बरेली (उ.प्र.) का रहने वाला है। पुलिस ने उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
गश्त के दौरान शक के आधार पर पकड़ा गया आरोपी
शनिवार रात किच्छा क्षेत्र में एसओ प्रदीप मिश्रा के निर्देश पर एसआई धीरज वर्मा, एएसआई प्रताप सुयाल, कांस्टेबल दीपक बिष्ट और विजय सिंह गश्त पर थे। इसी दौरान टीम को एक संदिग्ध व्यक्ति बहेड़ी की ओर से पैदल आता दिखाई दिया।
Img- Internet
Weather News: हल्द्वानी में गौला नदी का जलस्तर खतरनाक स्तर पर, जारी हुआ अलर्ट
पुलिस को देखते ही वह भागने लगा, जिससे संदेह और गहरा हो गया। पुलिस ने उसका पीछा कर उसे मौके पर ही धर दबोचा। जब उससे पूछताछ की गई तो उसने अपनी पहचान बताई और बताया कि वह हल्द्वानी में टेंपो चलाता है लेकिन असली काम नशीले इंजेक्शन बेचना है।
टेंपो की आड़ में करता था नशे का धंधा
भानूप्रताप ने बताया कि वह बहेड़ी से नशीले इंजेक्शन लाकर हल्द्वानी में नशे के आदी युवाओं को ऊंचे दामों में बेचता है। पुलिस को उसके पास से जो थैला मिला उसमें से 24 इंजेक्शन और 25 शीशियां बरामद हुईं, जिनका उपयोग नशा करने के लिए किया जाता है।Img- Internet
पहले भी हो चुके हैं ऐसे मामले
हल्द्वानी और आसपास के क्षेत्रों में नशे का कारोबार लगातार बढ़ता जा रहा है। इससे पहले भी कई बार पुलिस ने ऐसे आरोपियों को पकड़ा है जो ड्रग्स, नशीली गोलियां या इंजेक्शन बेचते हुए गिरफ्तार हुए हैं। पुलिस के अनुसार नशीले इंजेक्शन का इस्तेमाल युवाओं में तेजी से बढ़ रहा है, जिससे उनका मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। यह एक सामाजिक और स्वास्थ्य आपदा का रूप ले चुका है।
एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज
किच्छा पुलिस ने आरोपी भानूप्रताप के खिलाफ NDPS Act (नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रॉपिक सब्स्टेंस एक्ट) के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली है। अब आरोपी से यह जानने की कोशिश की जा रही है कि वह किस गिरोह से जुड़ा है और यह नेटवर्क कहां तक फैला है। एसओ प्रदीप मिश्रा ने बताया कि क्षेत्र में नशे के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा और किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस का उद्देश्य है कि क्षेत्र को पूरी तरह से नशामुक्त बनाया जाए।

