टांडा रेंज में खूनी टस्कर हाथी का आतंक: 72 घंटे में तीन की मौत, गंगापुर पटिया बीट में महिला को पटक-पटक कर मार डाला, क्षेत्र में दहशत; पूर्व विधायक राजेश शुक्ला व वन विभाग मौके पर पहुंचे, मुआवजे का आश्वासन

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पन्तनगर कोतवाली क्षेत्र के अन्तर्गत टांडा रेंज के जंगल में 72 घंटे के भीतर दो लोगों को मारने के बाद टस्कर हाथी ने आज गंगापुर पटिया बीट में एक महिला को पटक-पटक कर मार डाला, उक्त घटना से लोगों में दहशत व्याप्त हो गई है। घटना की सूचना मिलने पर पूर्व विधायक राजेश शुक्ला एवं प्रभागी वन अधिकारी उमेश चंद्र तिवारी ने घटनास्थल पहुंचकर घटना की जानकारी ली।

अवतार सिंह बिष्ट | हिंदुस्तान ग्लोबल टाइम्स, रुद्रपुर ( अध्यक्ष:उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलनकारी परिषद उत्तराखंड)


यहां तराई केन्द्रीय वन प्रभाग की टांडा रेंज के अन्तर्गत शाह पठानी खत्ते के समीप गंगापुर पटिया बीट में पंतनगर की ओर को जाने वाले एक रास्ते में लकड़ी लेने गई तीन महिलाओं पर डेड दांत वाला तस्कर हाथी अचानक दौड़ पड़ा आनंन फानन में जंगल के भीतर भागने के दौरान उक्त हाथी ने मैंना देवी उम्र 60 वर्ष पत्नी स्वर्गीय बाबू लाल को पीछा करके पकड़ लिया तथा सूंड से पटक कर तथा पांव रखकर मार दिया, उक्त महिला के साथ में गई अन्य महिलाएं बदहवास हालत में कॉलोनी में पहुंची, और लोगों को पूरी बात बताई। जिसके बाद कॉलोनी के लोग भागते हुए मौके पर पहुंचे तब तक मैंना देवी की मौत हो चुकी थी, जबकि हाथी भी वहां से चला गया था। मृतका महिला निवासी झा कॉलोनी पंतनगर की रहने वाली है जिनके तीन बच्चे हैं, जिनमें दो बेटियां और एक बेटा है। समाचार जारी होने तक मौके पर प्रभागीय वन अधिकारी उमेश चन्द्र तिवारी, पूर्व विधायक राजेश शुक्ला, टांडा रेंज के वन क्षेत्रधिकारी रूप नारायण गौतम, पन्तनगर कोतवाली पुलिस में उपनिरीक्षक दिनेश रावत सहित भारी संख्या में पुलिस और वनकर्मी मौके पर उपस्थित थे।
दो दिन के भीतर यहां हृदय विदारक दूसरी घटना हैं, दो दिन पूर्व भी इसी हाथी ने सांप पठानी क्षेत्र के एक खेत में सो रहे दो लोगों को जान से मार दिया था, जिनमें से अभी एक की शिनाख्त भी नहीं हो सकी है, हाथी के हमले से क्षेत्र में दहशत का माहौल व्याप्त है।
इधर घटना की सूचना पर पहुंचे किच्छा के पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर सरकार की ओर से प्रभागीय वन अधिकारी उमेश चंद्र तिवारी से तत्काल अंतिम संस्कार के लिए दस हजार रूपए दिलाया एवं वन्य जीव के हमले से मौत पर मिलने वाली सहायता दस लाख रूपए (जो पहले 6 लाख थी प्रदेश की पुष्कर धामी सरकार ने संवेदनशील से 10 लाख की है) सहायता दिलाने के लिए परिवार को आश्वस्त किया। जिसके बाद मृतक का पंचनामा भर बाडी को पोस्टमार्टम के लिए रुद्रपुर भेज दिया गया।


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