राज्य आंदोलनकारियों की नौकरियों को लेकर धीरेंद्र प्रताप की मुख्यमंत्री से मार्मिक अपील

Spread the love

उत्तराखंड सरकार से 10% क्षैतिज आरक्षण की रक्षा एवं लंबित नियुक्तियों में शीघ्रता की मांग

देहरादून, 20 मई 2025:

उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारियों के अधिकारों की रक्षा के लिए चिन्हित राज्य आंदोलनकारी संयुक्त समिति के केंद्रीय मुख्य संरक्षक और उत्तराखंड कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष श्री धीरेंद्र प्रताप ने मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी से भावुक अपील की है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड सरकार को राज्य आंदोलनकारियों को दिए गए 10% क्षैतिज आरक्षण को हर हाल में सुरक्षित रखना चाहिए।

श्री प्रताप ने कहा कि उत्तराखंड अपनी स्थापना का रजत जयंती वर्ष मना रहा है, लेकिन बीते 24 वर्षों में राज्य सरकार ने लाखों गैर-उत्तराखण्डियों को यहां का स्थायी निवासी बनाकर उन्हें नौकरियों में अवसर दिए, जबकि केवल 1700 चिन्हित आंदोलनकारियों को ही सरकारी नौकरियों में स्थान मिल सका है।

उन्होंने आरोप लगाया कि दर्जनों ऐसे चिन्हित आंदोलनकारी और उनके आश्रित, जिन्होंने प्रतियोगी परीक्षाएं पास कर ली हैं, वे पिछले 10 वर्षों से नियुक्ति के लिए दर-दर भटक रहे हैं। यह स्थिति वर्तमान सरकार के लिए शर्मनाक है। उन्होंने मुख्यमंत्री से अपील की कि इस गंभीर विषय पर तुरंत संज्ञान लें और ठोस हस्तक्षेप करें।

धीरेंद्र प्रताप ने यह भी कहा कि पिछले 6 महीनों से आरक्षण से संबंधित मामला न्यायालय में लंबित है, जिससे राज्य विरोधी और शिक्षा माफिया ताकतों को बल मिला है। ये ताकतें, जिनमें कई बाहरी राज्य जैसे यूपी और बिहार के प्रभावशाली लोग शामिल हैं, आरक्षण को अवैध ठहरवाने के लिए सक्रिय रूप से प्रयासरत हैं। उनका उद्देश्य आंदोलनकारी परिवारों को सरकार के खिलाफ उकसाना है।

उन्होंने राज्य सरकार से आग्रह किया कि वह इन बाहरी दबावों और शिक्षा माफिया से सतर्क रहे और 12,000 समर्पित आंदोलनकारी परिवारों के अधिकारों की रक्षा के लिए निर्णायक कदम उठाए। साथ ही 10 वर्षों से नियुक्ति की प्रतीक्षा कर रहे पात्र अभ्यर्थियों को शीघ्र नियुक्ति प्रदान की जाए


Spread the love